UPTET / CTET हिंदी भाषा प्रैक्टिस सेट 42 : परीक्षा में बैठने से पहले इन 30 प्रश्नों का करें अध्ययन

UPTET/CTET Hindi Language Practice Set 42 : उत्तर प्रदेश में CTET की परीक्षा शुरू हो चुकी है CTET की लिखित परीक्षा ऑनलाइन माध्यम द्वारा कराई जा रही है, तथा UPTET की परीक्षा 28 नवंबर 2021 को आयोजित होने वाली थी लेकिन पेपर लीक हो जाने के कारण परीक्षा प्रक्रिया को रद्द कर दिया गया। अब इसकी परीक्षा 23 जनवरी 2022 को आयोजित होगी।

ऐसे मे इस लेख के जरिये हम आपको UPTET/ CTET के परीक्षा मे पुछे गए 30 महत्वपूर्ण हिन्दी भाषा के प्रश्नों और उनके उत्तरों से अवगत कराएंगे, जिसका अध्ययन कर के आप अपनी तैयारी को और भी मजबूत बना सकते हैं।

UPTET/CTET Hindi Language Practice Set 42 
UPTET/CTET Hindi Language Practice Set 42 

UPTET/CTET Hindi Language Practice Set 42 

प्रश्न : बहुभाषिक कक्षा में बच्चों की भाषाएँ

  • बहुत गंभीर समस्या है, जिसका कोई समाधान नहीं है
  • संसाधन के रूप में इस्तेमाल की जा सकती है
  • एक जटिल समस्या है, जो अन्य समस्याएं पैदा करती है
  • हिंदी भाषा की कक्षाओं से बाहर ही रहनी चाहिए

उत्तर : 2

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर व्याकरण पढ़ाने की आगमन पद्धति में

  • जटिल से सरल की ओर जाते हैं।
  • उदाहरण से नियम की ओर जाते हैं।
  • नियम से उदाहरण की ओर जाते हैं।
  • व्याकरण की पाठ्य-पुस्तक पर केंद्रित रहते हैं

उत्तर : 2

प्रश्न : अंतर्निहित भाषा क्षमता का संबंध साथ है।

  • चॉम्स्की
  • पियाजे
  • वाइगोत्स्की
  • स्किनर

उत्तर : 1

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर भाषा सीखने-सिखाने का एक उद्देश्य है

  • व्याकरण के सभी नियमों को कंठस्थ करना
  • साहित्य की गद्य एवं पद्य विधाओं की रचना
  • हिन्दी भाषा के समग्र इतिहास के बारे में जानना
  • भाषा की नियमबद्ध प्रकृति की पहचान और उसका विश्लेषण करना

उत्तर : 4

प्रश्न : हिन्दी भाषा सीखने के संदर्भ में कक्षा आठ में वाले बच्चे से यह अपेक्षित है कि वह

  • हिन्दी भाषा की समस्त नियमावली को जान सके
  • हिन्दी भाषा के मुहावरों और लोकोक्तियों को जान सके
  • विभिन्न संदर्भों में हिंदी भाषा का प्रभावी प्रयोग कर सकें
  • तत्समप्रधान भाषा का प्रभावी प्रयोग कर सकें।

उत्तर : 3

प्रश्न : हिन्दी भाषा सीखने-सिखाने के लिए अनिवार्य है

  • भाषा की पाठ्य पुस्तक की उपलब्धता
  • समृद्ध भाषा-परिवेश की उपलब्धता
  • हिन्दी भाषा की लिखित परीक्षा
  • भाषा की दृश्य-श्रव्य सामग्री की उपलब्धता

उत्तर : 2

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर हिन्दी भाषा के आकलन का सबसे कमजोर बिन्दु है

  • लिखने में नए शब्द इस्तेमाल करना
  • लेखन में तार्किकता का समावेश
  • भाषा का सृजनात्मक प्रयोग
  • संस्कृतनिष्ठ शब्दावली का प्रयोग

उत्तर : 4

प्रश्न : भाषा और लिपि के बीच

  • एक निश्चित संबंध होता है
  • कोई निश्चित संबंध नहीं होता
  • एक तार्किक संबंध होता है
  • कोई संबंध होता ही नहीं है

उत्तर : 2

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर हिन्दी भाषा का आकलन करते समय आप सर्वाधिक बल किस पर देंगे?

  • लिखित परीक्षा
  • पोर्टफोलियो
  • मौखिक परीक्षा
  • जाँच सूची

उत्तर : 2

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर हिन्दी भाषा के आकलन सबसे महत्त्वपूर्ण है

  • हिन्दी भाषा के व्याकरण की जानकारी
  • हिन्दी भाषा की बारीकियों की समझ व प्रयोग
  • हिन्दी भाषा के साहित्यकारों की जानकारी
  • हिन्दी भाषा की मानक वर्तनी की जानकारी

उत्तर : 2

प्रश्न : भाषा अर्जन के संबंध में कौन-सा कथन सही है?

  • यह सहज होता है
  • यह कठिन होता है।
  • यह सरल होता है
  • यह सीखा जाता है।

उत्तर : 1

प्रश्न : दृश्य-श्रव्य सामग्री का प्रयोग तब उपयोगी होता है जब बच्चे

  • उसे बहुत सरलता से समझ सके
  • उस पर अपनी बौद्धिक प्रतिक्रिया दे सकें
  • उसकी भाषा का अनुकरण कर सकें
  • उसके बनने की प्रक्रिया को बता सकें।

उत्तर : 2

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर विभिन्न उद्देश्यों के लिए किए जाने वाले लेखन कार्य में सबसे महत्त्वपूर्ण है

  • जल संरक्षण का विज्ञापन बनाना
  • आपदा प्रबंधन का स्लोगन लिखना
  • अधूरी कहानी का अंत लिखना
  • डायरी लिखना

उत्तर : 4

प्रश्न : उच्च प्राथमिक स्तर पर विभिन्न विषयों पर आधारित पाठों को पाठ्य-पुस्तक में शामिल करने का उद्देश्य है

  • बच्चों को विभिन्न विषयों की जानकारी देना
  • बच्चों को विभिन्न प्रयुक्तियों से परिचित कराना
  • अन्य विषयों को सीखने में मदद करना
  • अन्य विषयों का सरलीकरण करना

उत्तर : 2

प्रश्न : आकलन का प्रयोग …….. के लिए होना चाहिए।

  • सीखने में मदद
  • परस्पर तुलना
  • कितना सीखा को आँकने
  • भाषा की जानकारी

उत्तर : 1

निर्देश : निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछ गए निम्नलिखित नौ प्रश्नों के सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प चुनिए :
आज शिक्षक की भूमिका उपदेशक या ज्ञानदाता की-सी नहीं रही। वह तो मात्र एक प्रेरक है कि शिक्षार्थी स्वयं सीख सकें। उनके किशोर मानस को ध्यान में रखकर शिक्षक को अपने शिक्षण कार्य के – दौरान अध्ययन-अध्यापन की परंपरागत विधियों से दो कदम आगे जाना पड़ेगा, ताकि शिक्षार्थी समकालीन यथार्थ और दिन-प्रतिदिन बदलते जीवन की चुनौतियों के बीच मानव-मूल्यों के प्रति अडिग आस्था बनाए रखने की प्रेरणा ग्रहण कर सके। पाठगत बाधाओं को दूर करते हुए विद्यार्थियों की सहभागिता को सही दिशा प्रदान करने का कार्य शिक्षक ही कर सकता है।
भाषा शिक्षण की कोई एक विधि नहीं हो सकती। जैसे मध्यकालीन कविता में अलंकार, छंदविधान, तुक आदि के प्रति आग्रह था किंतु आज लय और प्रवाह का महत्त्व है। कविता पढ़ाते समय कवि की युग चेतना के प्रति सजगता समझना आवश्यक है। निबंध में लेखक के दृष्टिकोण और भाषा-शैली का महत्त्व है और शिक्षार्थी को अर्थग्रहण की योग्यता का विकास जरूरी है। कहानी के भीतर बुनी अनेक कहानियों को पहचानने और उन सूत्रों को पल्लवित करने का अभ्यास शिक्षार्थी की कल्पना और अभिव्यक्ति कौशल को बढ़ाने के लिए उपयोग हो सकता है। कभी-कभी कहानी का नाटक में विधा परिवर्तन कर उसका मंचन किया जा सकता है।
मूल्यांकन वस्तुतः सीखने की ही एक प्रणाली है, ऐसी प्रणाली जो रटंत प्रणाली से मुक्ति दिला सके। परंपरागत साँचे का अनुपालन न करे, अपना ढाँचा निर्मित कर सके। इसलिए यह गाँठ बाँध लेना आवश्यक है कि भाषा और साहित्य के प्रश्न बँधे-बँधाए उत्तरों तक सीमित नहीं हो सकते। शिक्षक पूर्वनिर्धारित उत्तर की अपेक्षा नहीं कर सकता। विद्यार्थियों के उत्तर साँचे से हटकर किंतु तर्क संगत हो सकते हैं और सही भी। इस खुलेपन की चुनौती को स्वीकारना आवश्यक है।

प्रश्न : समास की दृष्टि से कौन-सा पद शेष से भिन्न है?

  • भाषा-शिक्षण
  • युग-चेतना
  • अथ-ग्रहण
  • दिन-प्रतिदिन

उत्तर : 4

प्रश्न : ‘विद्यार्थी’ के लिए अनुच्छेद प्रयुक्त अन्य पर्यायवाची शब्द हैं

  • शिक्षार्थी, छात्र
  • सहभागी, परीक्षार्थी
  • किशोर, मानस
  • अध्यापक, अध्येता

उत्तर : 1

प्रश्न : ‘सहभागिता’ शब्द का निर्माण किस उपसर्ग और प्रत्यय से हुआ है?

  • सह ता
  • स इता
  • सता
  • सह इता

उत्तर : 1

प्रश्न : आधुनिक कविता में महत्त्वपूर्ण है

  • भाषा और शैली
  • मानवीकरण और बिंबविधान
  • लय और प्रवाह
  • छंद और अलंकार.

उत्तर : 3

प्रश्न : कहानी के द्वारा लेखन विद्यार्थियों में कल्पनाशीलता और अभिव्यक्ति की कुशलता बढ़ाने के लिए महत्त्वपूर्ण गतिविधि हो सकती है।

  • कहानी का विधा-परिवर्तन
  • निहित कथासूत्रों का पल्लवन
  • कहानी को मौखिक सुनाने का अभ्यास
  • कहानी का वाचन

उत्तर : 2

प्रश्न : मूल्यांकन के बारे में सत्य नहीं है

  • इसका निश्चित ढाँचा होता है
  • उत्तर पहले से निर्धारित नहीं होते।
  • यह सीखने की ही एक विधि है।
  • रटंत का अंत करता है।

उत्तर : 1

प्रश्न : अनुच्छेद में प्रयुक्त ‘समकालीन’ शब्द का उपयुक्त अर्थ होगा

  • आकस्मिक
  • वर्तमान
  • समसामयिक
  • आधुनिक

उत्तर : 3

प्रश्न : कौन-सा कथन आज के शिक्षक की भूमिका के बारे में सत्य नहीं है?

  • परंपरागत शिक्षण विधियों को छोड़ा नहीं जा सकता।
  • शिक्षक विद्यार्थियों की सहभागिता सुनिश्चित करता है।
  • मानव मूल्यों पर उसकी आस्था अडिग होती है।
  • शिक्षक प्रेरक है, ज्ञानदाता नहीं।

उत्तर : 1

प्रश्न : शिक्षक से किस प्रकार की बाधाएँ दूर करने की अपेक्षा की गई है?

  • पाठ-प्रस्तुति से संबंधित
  • पाठ के भीतर से उभरने वाली
  • पाठ्यक्रम से जुड़ी हुई
  • पाठ पढ़ाते हुए आने वाली

उत्तर : 2

निर्देश : निम्नलिखित काव्यांश को पढ़कर पूछे गए निम्नलिखित छः प्रश्नों के उत्तर दीजिए

 आकाश का साफा बांधकर 
 सूरज की चिलम खींचता 
 बैठा है पहाड़
 घुटनों पर पड़ी है नदी चादर-सी
 पास ही दहक रही है 
 पलाश के जंगल की अंगीठी
 अंधकार दूर पूर्व में 
 सिमटा बैठा है भेड़ों के गल्ले-सा
 अचानक बोला मोर 
 जैसे किसी ने आवाज दी
 अजी सुनते हो।' 
 चिलम औधीं
 धुआँ उठा सूरज डूबा 
 अंधेरा छा गया।

प्रश्न : शाम का सजीव चित्रण करने के लिए किस रूपक को अनुपयुक्त माना जा सकता है?

  • आकाश का साफा
  • जंगल की अंगीठी
  • मोर की आवाज
  • सूरज की चिलम

उत्तर : 3

प्रश्न : पलाश वन को अँगीठी कहा गया है क्योंकि

  • जंगल में आग लगी होती है।
  • पलाश की लकड़ी जलाने के काम आती है।
  • खिले पलाश के वन आग के समान दिखते हैं।
  • पलाश ग्रीष्म ऋतु में फूलता है।

उत्तर : 3

प्रश्न : अंधकार के सिमटकर बैठे होने का कारण है

  • किसान आग सेंक रहा है।
  • अभी सूर्यास्त नहीं हुआ।
  • स्थान का अभाव है।
  • अभी सूर्योदय नहीं हुआ।

उत्तर : 2

प्रश्न : अचानक तुरत-फुरत घटनाएँ होने का कारण है

  • सूरज का डूबना
  • अंधेरा छा जाना
  • भेड़ों का बिखर जाना
  • ‘सुनते’ हो की आवाज

उत्तर : 4

प्रश्न : “सिमटा बैठा है भेड़ों के गल्ले-सा”- किस विकल्प में सभी शब्द ‘गल्ला’ के समानार्थी है?

  • गल्ला, सौदा, माल गोदाम
  • रेवड़, झुंड, भीड़, रेला
  • भीड़भाड़, रेलमपेल, भगदड़, झुरमुट
  • समूह, भीड़ दर्शक, झुंड

उत्तर : 2

प्रश्न : कविता में दो समानार्थी शब्द हैंअंधकार और अंधेरा इन दोनों के बारे में कौन-सा कथन सत्य है?

  • दोनों तद्भव है।
  • दूसरा तद्भव है।
  • पहला तद्भव है।
  • दोनों तत्सम हैं।

उत्तर : ??

इस प्रश्न का सही उत्तर क्या होगा? हमें अपना जवाब कमेंट सेक्शन में जरूर दें।

आशा है आपको यह प्रैक्टिस सेट पसंद आया होगा, सरकारी परीक्षाओं से जुड़ी हर जानकरियों हेतु सरकारी अलर्ट को बुकमार्क जरूर करें।

  1. आप यू पी टेट की परीक्षा के प्रशनो को हल करके दिया करें

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