CTET/UPTET बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र प्रैक्टिस सेट 36 : परीक्षा में जानें से पहले इन 30 प्रश्नों पर डालें एक नज़र

UPTET/CTET Child Development And Pedagogy Practice Set 36 : CTET की परीक्षा शुरू हो गई है जो कि 13 जनवरी 2022 तक चलेगी ।UPTET की परीक्षा रद्द होने के बाद अब नई परीक्षा तिथि को लेकर बोर्ड की तरफ से अधिकारीक नोटिस जारी कर दिया गया है। UPTET की परीक्षा अब 23 जनवरी 2022 को आयोजित होगी। इसलिए जो भी प्रतियोगी छात्र इस परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं वह अपनी तैयारी को और भी तेज कर दें।

ऐसे में इस लेख के जरिए बाल विकास एवं शिक्षा शास्त्र के विगत वर्षों में कराए गए परीक्षाओं में से 30 महत्वपूर्ण प्रश्नों के संग्रह को लेकर आए है। इसलिए आप इन प्रश्नों का अभ्यास अच्छी तरह से कर लें और अपनी तैयारी को और भी मजबूती प्रदान करें।

UPTET/CTET Child Development And Pedagogy Practice Set 36
UPTET/CTET Child Development And Pedagogy Practice Set 36

UPTET/CTET Child Development And Pedagogy Practice Set 36

प्रश्न : भाषा

  • विचार प्रक्रिया को प्रभावित नहीं करती
  • विचार प्रक्रिया का निर्धारण नहीं कर सकती
  • हमारी विचार प्रक्रिया को पूरी तरह से नियंत्रित करती है
  • हमारी विचार प्रक्रिया को प्रभावित करती है

उत्तर : 4

प्रश्न : कक्षा VIII की एक पाठ्य पुस्तक में इस प्रकार के चित्र हैं- शिक्षिका एवं घरेलू काम करने वाली के रूप में महिला, जबकि, डॉक्र एवं पाइलट के रूप में पुरुष। में इस प्रकार के चित्रण से बढ़ सकती/सकता है।

  • लिंग रूढ़िबद्धता
  • लिंग सशक्तीकरण
  • लिंग भूमिका निर्वाह खेल
  • लिंग स्थिरता

उत्तर : 1

प्रश्न : शिक्षार्थियों में बहुत विभिन्नताएँ होती है। इनमें से किस/किस के लिए शिक्षक को संवेदनशील होने की
आवश्यकता है?
(I) संज्ञानात्मक क्षमताओं और सीखने के स्तरों पर आधारित भिन्नताएँ
(II) भाषा, जाति, लिंग, धर्म, समुदाय की विविधता पर आधारित भिन्नताएँ
नीचे दिए गए कूट के आधार पर सही उत्तर चुनिए ।

  • केवल I
  • न तो I और नही II
  • केवल II
  • I और II दोनों

उत्तर : 4

प्रश्न : वाइगोत्स्की के अनुसार, सीखने को पृथक् नहीं किया जा सकता

  • उसके सामाजिक संदर्भ से
  • अवबोधन और अवधानात्मक प्रक्रियाओं से
  • पुनर्बलन से
  • व्यवहार में मापने योग्य परिवर्तन से

उत्तर : 1

प्रश्न : प्रगतिशील शिक्षा में अपरिहार्य है कि कक्षा-कक्ष

  • लोकतांत्रिक होता है और समझने के लिए बच्चों को पर्याप्त स्थान दिया गया होता है
  • शिक्षक के पूर्ण निचयंत्रण में होता है जिसमें वह अधिनायकतावादी होता है
  • सत्तावादी होता है, जहाँ शिक्षक आदेश देता है और शिक्षार्थी चुपचाप अनुसरण करते हैं
  • सबके लिए मुक्त होता है जिसमें शिक्षक अनुपस्थित होता है

उत्तर : 1

प्रश्न : निम्नलिखित में से कौन-सा एक उदाहरण भाषिक बुद्धि वाले व्यक्ति को दर्शाता है

  • शब्दों के अर्थ और क्रम तथा भाषा के विविध प्रयोगों के प्रति संवेदनशीलता
  • तर्क की दीर्घ श्रृंखलाओं को सँभाल सकने की योग्यता
  • स्वर, राग और सुर के प्रति संवेदनशीलता
  • ध्यान देने और दूसरे से अंतर कर सकने की योग्यता

उत्तर : 1

प्रश्न : केवल कागज-पेंसिल जाँचो द्वारा आंकलन

  • आकलन को सीमित कर देता है।
  • सफल आकलन को बढ़ावा देता है
  • समग्र मूल्यांकन को सुविधा प्रदान करता है
  • निरंतर मूल्यांकन को सुविधा प्रदान करता है

उत्तर : 1

प्रश्न : माध्यमिक विद्यालय की कक्षा में शिक्षिका के पास एक ‘बधिर’ बच्चा है। उसके लिए यह महत्वपूर्ण है कि

  • वह बच्चे को उस स्थान पर बैठाए जहाँ से यह शिक्षिका के होंठ तथा चेहरे के भाव साफ तौर पर देख सके
  • विद्यालय सलाहकार (काउंसलर) से कहे कि वे बच्चे के अभिभावकों से बात करे तथा उन्हें अपने बच्चे को विद्यालय से हटाने के लिए कहे
  • उसके प्रति संकेत करे जिसे वह बच्चा बार-बार भी नहीं कर पा रहा
  • बच्चे को डाँट-फटकार कर उसे अलग स्थान पर बैठाए ताकि वह बधिर केन्द्र में प्रवेश ले ले

उत्तर : 1

प्रश्न : एक शिक्षक समाज के ‘वंचित वर्ग’ के बच्चों की आवश्यकताओं को प्रभावपूर्ण तरीके से पूरा कर सकता है

  • उनकी पृष्ठभूमि की अपेक्षा करके तथा उन्हें विद्यालय में कार्य करने के लिए कहकर
  • कक्षा-कक्ष के प्रत्येक बच्चे की आवश्यकतानुसार अपना शिक्षण-कौशल अपनाकर
  • उन्हें कक्षा-कक्ष में अलग स्थान पर बैठाकर, ताकि वे अन्य बच्चों से मेल-जोल न करे
  • अन्य बच्चों को वंचित पृष्ठभूमि वाले बच्चों के प्रति सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार करने के लिए कहकर

उत्तर : 2

प्रश्न : अधिगमकर्ता-केन्द्रित विधि का आशय है

  • वे विधियाँ, जहाँ अधिगम में अधिगमकर्ता की अपनी पहल तथा प्रयास सम्मिलित होते हैं
  • उन विधियों को अपनाना, जिनमें शिक्षक मुख्य कर्ता (पात्र) होता है
  • कि शिक्षक अधिगमकर्ता के लिए स्वयं निष्कर्ष निकाल देते हैं
  • परम्परागत व्याख्यात्मक विधियाँ

उत्तर : 1

प्रश्न : निम्नलिखित में से कौन-सा एक सीखने के लिए प्रमुख है?

  • अर्थ-निर्माण
  • अनुकरण
  • अनुबंधन
  • रटकर याद करना

उत्तर : 3

प्रश्न : पियाजे तथा वाइगोत्स्की के अनुसार, एक रचनात्मक कक्षा-कक्ष में अधिगम

  • शिक्षार्थियों द्वारा स्वयं सृजित किया जाता है, जो एक सक्रिय भूमिका निभाते हैं
  • शिक्षक द्वारा पुनर्बलन किया जाना
  • शिक्षक द्वारा लिखवाया जाता है तथा शिक्षार्थी निष्क्रिय प्राप्तकर्ता होते हैं
  • उद्दीपक तथा अनुक्रिया के जोड़ से होता है

उत्तर : 1

प्रश्न : अधिगम-निर्योग्यता वाले बच्चे

  • बहुत बुद्धिमान तथा परिपक्व होते हैं
  • बहुत सक्रिय होते हैं, लेकिन उनकी बुद्धि-लब्धि कम होती है
  • कुछ भी नहीं सीख सकते
  • अधिगम के कुछ पक्षों से संघर्ष करते हैं

उत्तर : 4

प्रश्न : शिक्षक बच्चों को सृजनात्मक विचारों के लिए प्रोत्साहित कर सकता है

  • उन्हें बहु-विकल्पी प्रश्न देकर
  • उन्हें लघु-उत्तरी प्रश्न देकर
  • उन्हें उत्तर कंठस्थ करने के लिए कहकर
  • उनसे प्रत्यास्मरण-आधारित प्रश्न पूछकर

उत्तर : 4

प्रश्न : विशेष आवश्यकताओं वाले बच्चों से व्यवहार करने के लिए निम्नलिखित दार्शनिक दृष्टिकोणों में से किसका अनुसरण किया जाना चाहिए?

  • उन्हें किसी प्रकार की शिक्षा की आवश्यकता ही नहीं होती
  • उन्हें समावेशी शिक्षा का और नियमित विद्यालयों में अध्ययन करने का अधिकार प्राप्त है
  • उन्हें पृथक करे उनकी शिक्षा किसी भिन्न शैक्षिक संस्थाओं में होनी चाहिए
  • उन्हें केवल व्यावसायिक प्रशिक्षण दिया जाना चाहिए

उत्तर : 2

प्रश्न : निम्नलिखित में से कौन-सा ‘आधारभूत सहायता का एक अच्छा उदाहरण है (जिसका आशय है समस्या समाधान को तब तक सिखना जब तक शिक्षार्थी स्वयं न कर सके) ?

  • उसे यह बताना कि वह बार बार प्रयास द्वारा कर सकती है
  • समस्या का समाधान जल्दी देने के लिए पुरस्कार देना
  • उसे आधा समाधान (हल) किया उदाहरण उपलब्ध करवाना
  • उसे कहना कि जब तक वह समस्या का समाधान नहीं कर लेती, तब तक घर नहीं जा सकती

उत्तर :1

प्रश्न : आपकी कक्षा में सीखने की विविध शैलियों वाले बच्चे हैं। उनका आकलन करने के लिए आप उन्हें

  • कार्यों और परीक्षणों के एक समान सेट देंगे
  • समान अनुदेश देंगे तथा उसके बाद बच्चों द्वारा परीक्षण में प्राप्त कों के अनुसार उनकी नामित करेंगे
  • विविध प्रकार के कार्य और परीक्षण देंगे
  • परीक्षण पूरा करने के लिए एकसमान समय देंगे

उत्तर : 3

प्रश्न : आजकल बच्चों की ‘गलत धारणाओं’ को ‘वैकल्पिक धारणाएँ’ कहने की एक प्रवृत्ति है। इसे कहा जा सकता है

  • पहचानना कि बच्चे सोच सकते हैं और उनकी सोच प्रौढ़ों से भिन्न होती है
  • बच्चों की समझ में सूक्ष्म भेद करना और उनका अपने सीखने के प्रति निष्क्रिय रहना
  • बच्चों की गलतियों की व्याख्या के लिए मनोहारी शब्दों का उपयोग करना
  • बच्चों को उनकी सोच में प्रौढ़ों के समान मानना

उत्तर : 3

प्रश्न : निम्नलिखित में से कौन-सी एक महत्वपूर्ण गतिविधि बच्चों को सीखने के लिए सक्षम बनाती है?

  • संवाद
  • पुरस्कार
  • निर्देश
  • व्याख्यान

उत्तर : 1

प्रश्न : विकास के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन नहीं है?

  • विकासात्मक परिवर्तन एक सीधी रेखा में आगे जाते हैं।
  • विकास जन्म से किशोरावस्था तक आगे की ओर बढ़ता है और फिर पीछे की ओर
  • विकास भिन्न व्यक्तियों में भिन्न गति से होता है
  • विकास जन्म से किशोरावस्था तक बहुत तीव्र गति से होता है और उसके बाद रुक जाता है।

उत्तर : 2

प्रश्न : मध्य बचपन अवधि है

  • जन्म से 2 वर्ष
  • 2 वर्ष से 6 वर्ष
  • 10 वर्ष के बाद
  • 6 वर्ष से 11 वर्ष

उत्तर : 4

प्रश्न : निम्नलिखित में से कौन-सा एक माध्यमिक विद्यालय की कक्षा-कक्ष में शिक्षक की भूमिका का सर्वोत्तम / उचित वर्णन करता है?

  • व्याख्यान देने के लिए पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन का प्रयोग करना
  • बहु-परिप्रेक्ष्य को निरुत्साहित करना तथा एक-आयामी परिप्रेक्ष्य पर केन्दीभूत होना
  • चर्चाओं के अवसर उपलब्ध कराना
  • प्रथम स्थान के लिए शिक्षार्थियों को आपस में प्रतिस्पर्धा के लिए बढ़ावा देना

उत्तर : 3

प्रश्न : अभिप्रेरणा और अधिगम के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा एक कथन सही है?

  • अधिगम तभी प्रभावी होता है जब शिक्षार्थी बाहरी पुरस्कारों का उपयोग करने से प्रेरित हो
  • अधिगम में प्रेरणा की कोई भूमिका नहीं होती
  • अधिगम केवल तभी प्रभावी होता है जब शिक्षार्थियों में भीतरी प्रेरणा हो- सीखने की अंतर्निहित इच्छा हो
  • अधिगम केवल तभी प्रभावित होता है जब शिक्षार्थी बाहरी रूप से प्रेरित हो-बाहरी कारकणों से प्रेरित हो।

उत्तर : 3

प्रश्न : सीखने के बारे में निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा एक सत्य है?

  • सीखना शिक्षार्थी के पूर्व ज्ञान पर आधारित नहीं है
  • सीखना एक निष्क्रिय ग्रहणशील प्रक्रिया है
  • सीखना कौशलों के संचय के समान है
  • सीखने को सामाजिक क्रियाएँ सुविधा देती है

उत्तर : 4

प्रश्न : “किसी व्यक्ति को आकार देने में वातावरण के घटकों की कोई भूमिका नहीं होती, क्योंकि प्रत्येक व्यक्ति की वृद्धि उसकी आनुवंशिक संरचना से निर्धारित होती है।” यह कथन

  • ठीक है, क्योंकि किसी व्यक्ति की आनुवंशिक संरचना बहुत प्रबल होती है
  • ठीक नहीं है, क्योंकि बहुत से शोध यह सिद्ध करते हैं। कि विकास में वातावरण का बड़ा प्रभाव पड़ सकता है।
  • ठीक है, क्योंकि बहुत से शोध यह सिद्ध करते हैं कि आनुवंशिक ही व्यक्ति के विकास भविष्यवाणी करता है
  • ठीक नहीं है, क्योंकि वातावरण के घटक किसी व्यक्ति की बुद्धि और विकास में कम योगदान करते हैं।

उत्तर : 2

प्रश्न : एक प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से मानव शिशु समाज के सक्रिय सदस्य के रूप में निष्पादन करने के लिए आवश्यक कौशलों का अर्जन करना प्रारंभ करता है।

  • समाजीकरण
  • विकास
  • परिपक्वता
  • सीखना

उत्तर : 1

प्रश्न : प्रतिभाशाली बच्चों के लिए सबसे अच्छे शैक्षिक कार्यक्रम वे होते हैं जो

  • उनके आक्रामक व्यवहार को नियंत्रित करते हैं
  • उन्हें अधिगम के न्यूनतम मानकों तक काम करने को प्रेरित करने के लिए उपहारों और पुरस्कारों का उपयोग करते हैं
  • प्रत्यास्मरण के द्वारा ज्ञान की प्रवीणता पर बल देते हैं
  • उनके चिंतन को प्रेरित कर उन्हें विविध विचारों में व्यस्त रहने के अवसर देते हैं

उत्तर : 4

प्रश्न : एक शिक्षिका अपनी कक्षा में विविधता को संबोधित कर सकती है

A : भिन्नताओं को स्वीकार करके और उसे महत्व देकर
B : बच्चों की सामाजिक-सांस्कृतिक पृष्ठभूमि का शिक्षा शास्त्रीय संसाधन के रूप में प्रयोग करके
C : विभिन्न अधिगम शैलियों को समायोजित करके
D : मानक निर्देश देकर और निष्पादन हेतु सर्वमान्य मानदण्ड निर्धारित करके
ऊपर दिए गए कूट के आधार पर सही उत्तर चुनिए।

  • A, B और C
  • A, B, C और D
  • A, B और D
  • B, C और D

उत्तर : 1

प्रश्न : कोई शिक्षिका अपनी कक्षा में फर्नीचर की तीखी धार वाले किनारों को रुई से ढँका रखने को कहती है और ‘छुओ तथा अनुभव करो’ वाले सूचना-पट्टों का उपयोग करने को कहती है। वह किस वर्ग के विशेष शिक्षार्थियों की आवश्यकता पूर्ति करने का प्रयास कर रही है?

  • सामाजिक रूप से वंचित शिक्षार्थी
  • दृष्टि विकलांग शिक्षार्थी
  • श्रवण विकलांग शिक्षार्थी
  • सीख न सकने वाले शिक्षार्थी

उत्तर : 2

प्रश्न : विद्यालयों में विद्यार्थियों की असफलता के बारे में निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही हैं?

A : विशेष जातियों और समुदायों से संबंधित विद्यार्थी असफल होते हैं क्योंकि उनमें योग्यता नहीं होती।
B : विद्यार्थी विद्यालयों में असफल होते हैं क्योंकि उन्हें अधिगम के लिए उपयुक्त पुरस्कार नहीं दिए जाते।
C : विद्यार्थी असफल होते हैं क्योंकि शिक्षण उस तरीके से नहीं किया जाता जो उनके लिए सार्थक हो।
D : विद्यार्थी असफल होते हैं क्योंकि विद्यालय व्यवस्था प्रत्येक विद्यार्थी की आवश्यकताओं और अभिरुचियों का ध्यान नहीं रखती।

  • B और D
  • A और B
  • C और D
  • B और C

उत्तर : ??

इस प्रश्न का सही उत्तर क्या होगा? हमें अपना जवाब कमेंट सेक्शन में जरूर दें।

आशा है आपको यह प्रैक्टिस सेट पसंद आया होगा, सरकारी परीक्षाओं से जुड़ी हर जानकरियों हेतु सरकारी अलर्ट को बुकमार्क जरूर करें।