CTET हिन्दी भाषा प्रैक्टिस सेट 67 : बाकी बचे दिनों में अब इन 30 महत्वपूर्ण प्रश्नों को अवश्य अध्ययन करें

CTET Hindi Language Practice Set 67 : CTET की परीक्षा प्रारंभ हो चुकी है, जो कि 13 जनवरी तक चलने वाली है। जिसके लिए अभ्यर्थी कई महीनों से अपनी तैयारियों में जुटे हुए हैं और इसकी परीक्षा ऑनलाईन माध्यम द्वारा कराई जा रही है। UPTET की परीक्षा 23 जनवरी 2022 को होने वाली है, फ़िलहाल तैयारी का आखरी पड़ाव चल रहा है। ऐसे समय में सभी अभ्यर्थी अपनी तैयारी बहुत ही तेजी से कर रहे हैं।
ऐसे में मैं आपको इस लेख के जरिए हिन्दी भाषा के पिछले वर्षों में कराए गए परीक्षाओं में से 30 महत्वपूर्ण प्रश्नों के संग्रह को आपके समक्ष लेकर आए है। इसलिए आप सभी परीक्षार्थी इन प्रश्नों का अभ्यास करके अच्छे अंक सुनिश्चित कर पाएंगे और स्वयं का मूल्यांकन भी कर पाएंगे।

CTET Hindi Language Practice Set 67
CTET Hindi Language Practice Set 67

CTET Hindi Language Practice Set 67

निर्देश-नीचे दिए गए गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के सही/सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनिए।

कभी सोचा है, भारत में कितने प्रकार के वाद्ययन्त्र प्रचलित हैं? सोचने में शीघ्रता मत कीजिए। तमिलनाडु केरल से कश्मीर तक, राजस्थान – गुजरात से नागालैण्ड-मणिपुर तक इस भारत नामक विशाल भू-खण्ड में सैकड़ों प्रकार के वाद्ययन्त्र परम्परा से प्रचलित रहे हैं। विशेषकर चमड़े से मढ़े वाद्ययन्त्र तो सर्वाधिक हैं। बाँसुरी जैसे फूंककर बजाए जाने वाले, झाँझ जैसे झंकार वाले या फिर तार लगी तूंबी वाले भी कम नहीं। ये तार वाले भी कुछ गज से बजाए जाते हैं और कुछ छोटी-सी अँगूठी-जैसी मिज़राब से।
अब प्रश्न उठता है कि जिन्हें हम भारतीय वाद्ययन्त्र कहते हैं क्या वे भारत में ही जन्मे हैं या कहीं और से आए हैं? कहना कठिन है। जब भी हम किसी वाद्ययन्त्र को बजते देखते-सुनते हैं, तो मन कहता है कि उसकी उत्पत्ति भारत में ही हुई होगी। लेकिन सत्य यह नहीं है। आज प्रचलित वाद्ययन्त्रों में से अनेक बाहर से भी आए हैं। और यह भी सच है कि अनेक भारतीय वाद्ययन्त्र यहाँ से अन्य देशों में प्रचलित हुए हैं। सभ्यता और संस्कृति का इतिहास जानने का एक माध्यम वाद्ययन्त्र भी हैं वेदों में उल्लिखित वाद्ययन्त्रों के प्रमाण हड़प्पा सभ्यता में प्राप्त हुए हैं। वहीं सुदूर पूर्व इण्डोनेशिया में प्राचीन भारतीय वाद्ययन्त्र आज भी प्रयुक्त हो रहे हैं। हमारी वीणा मिस्री, सुमेरी, जापानी, चीनी संस्कृति में भी विद्यमान रही है।

प्रश्न. जिन्हें हम भारतीय वाद्ययन्त्र कहते हैं

  • वे कहीं और से आए हैं
  • उनमें से कुछ भारत के और कुछ बाहर
  • वे चीन और इण्डोनेशिया के हैं
  • वे भारत में ही जन्मे हैं

उत्तर : 2

प्रश्न. कौन-सा भारतीय वाद्ययन्त्र मिस्र, चीन, जापान आदि की संस्कृति में भी विद्यमान है?

  • तबला
  • झाँझ
  • वीणा
  • बाँसुरी

उत्तर : 3

प्रश्न. कौन-सा कथन असत्य है?

  • तमिलनाडु और केरल के वाद्ययन्त्र सबसे प्रसिद्ध हैं
  • कुछ वाद्ययन्त्र ‘गज’ से बजाए जाते हैं
  • प्राचीन भारतीय वाद्ययन्त्र इण्डोनेशिया में भी प्रयुक्त होते हैं
  • भारत में अनेक प्रकार के वाद्ययन्त्र प्रचलित हैं

उत्तर : 1

प्रश्न. गद्यांश के अनुसार, सभ्यता और संस्कृति का इतिहास जानने में सहायक हैं-

  • साहित्यिक ग्रन्थ
  • कलाकार
  • वाद्ययन्त्र
  • प्राचीन यन्त्र

उत्तर : 3

प्रश्न. ‘भारतीय’ शब्द व्याकरण की दृष्टि से है?

  • सर्वनाम
  • विशेषण
  • क्रिया
  • संज्ञा

उत्तर : 2

प्रश्न. किस शब्द में उपसर्ग और प्रत्यय दोनों हैं?

  • भारतीय
  • शीघ्रता
  • विशाल
  • प्रचलित

उत्तर : 4

प्रश्न. वेदों में चर्चित कुछ वाद्ययन्त्रों के प्रमाण मिले हैं

  • हड़प्पा सभ्यता में
  • पुराणों में
  • सुमेरी संस्कृति में
  • भारतीय सभ्यता में

उत्तर : 1

प्रश्न. ‘जन्म’ शब्द का समानार्थी है?

  • उत्पत्ति
  • विद्यमान
  • उल्लेख
  • प्रयुक्त

उत्तर : 1

प्रश्न. ‘भू-खण्ड’ शब्द में समास है।

  • कर्मधारय
  • द्वन्द्व
  • द्विगु
  • तत्पुरुष

उत्तर : 4

निर्देश-नीचे दिए गए प्रश्नों के सही / सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनिए।

प्रश्न. बच्चे के स्कूल की भाषा और घर एवं पड़ोस की भाषा में … होना/होनी चाहिए।

  • जुड़ाव
  • समरूपता
  • समरसता
  • अलगाव

उत्तर : 2,

प्रश्न. भाषा की पाठ्य-पुस्तक में एक पाठ एकांकी के रूप में है, आप

  • एकांकी में आए पात्रों के संवाद याद करवाएँगी
  • शिक्षार्थियों से एकांकी पढ़वाने के बाद उसका मंचन करवाएँगी
  • एकांकी के मुख्य संवाद लिखवाएँगी
  • हाव-भाव के साथ एकांकी पढ़कर सुनाएँगी

उत्तर : 4

प्रश्न. लिखना एवं पढ़ना सीखने के सन्दर्भ में कौन-सा कथन सबसे उपयुक्त है?

  • पढ़ना सीखने की तुलना में लिखना सीखना जटिल है
  • लिखना सीखने की तुलना में पढ़ना सीखना जटिल है
  • दोनों कौशल एक-एक करके सीखे जाते हैं
  • लिखना और पढ़ना सीखना समान रूप से अन्तःसम्बन्धित हैं

उत्तर : 3

प्रश्न. द्वितीय भाषा सीखने के सन्दर्भ में सबसे कम महत्त्वपूर्ण है

  • अभिभावक से प्राप्त प्रोत्साहन
  • भाषा की परीक्षा
  • शिक्षक का रवैया
  • अभिवृत्ति

उत्तर : 1

प्रश्न. पद्य, गद्य और नाटक हमारी करने के साथ-साथ हमारे जीवन के समृद्ध करते हैं। संवेदना को धार प्रदान पहलू को

  • भाषिक, सौन्दर्यात्मक
  • सांस्कृतिक, साहित्यिक
  • भाषिक, ज्ञानात्मक
  • सांस्कृतिक, भौतिक

उत्तर : 2

प्रश्न. कोई एक भाषा …… लिपि/लिपियों में लिखी जा सकती है, हाँ, उसमें थोड़ा फेरबदल हो सकता है।

  • तीन
  • सोमित
  • सभी
  • एक

उत्तर : 3,

प्रश्न. वाणी और लेखन में मूल अन्तर यह है कि लिखित भाषा … स्तर पर देखी जाती है और होती है।

  • चेतन, स्वाभाविक
  • अचेतन, कालबद्ध
  • अचेतन, स्वाभाविक
  • सचेतन, कालबद्ध

उत्तर : 4

प्रश्न. भाषा-कक्षा में समावेशी वातावरण का निर्माण करने केलिए जरूरी है कि

  • बच्चों की सभी आवश्यकताओं को पूर्ण किया जाए
  • बच्चों को विविध दृश्य-श्रव्य सामग्री उपलब्ध कराई जाए
  • बच्चों के प्रति अति उदारवादी दृष्टिकोण रखा जाए
  • बच्चों की विविध भाषाओं को पढ़ाया जाए

उत्तर : 2

प्रश्न. उच्च प्राथमिक स्तर पर हिन्दी भाषा शिक्षण का सर्वाधिक सम्बन्ध है?

  • पढ़ी सामग्री के बारे में आलोचनात्मक चिन्तन से
  • हिन्दी की व्याकरणिक व्यवस्था को जानने से
  • सृजनात्मक लेखन की अनिवार्यता से
  • हिन्दी की ध्वनियों को सिखाने से

उत्तर : 3

प्रश्न. भाषा नियमों द्वारा नियन्त्रित …….. का माध्यम भर नहीं है, बल्कि यह हमारी सोच को भी निर्मित करती है।

  • संस्कृति
  • सौन्दर्यबोध
  • सम्प्रेषण
  • कला

उत्तर : 3

प्रश्न. पूनम अपने विद्यार्थियों को पढ़ाते समय दृश्य-श्रव्य
सामग्री का प्रयोग करती है। इसका प्रमुख कारण है, कि
वह कक्षा के

  • सभी बच्चों की आवश्यकताओं को सम्बोधित करती है
  • सभी बच्चों को नियन्त्रण में रखती है
  • सभी बच्चों की रुचि का ध्यान रखती है
  • सभी बच्चों का मनोरंजन करती है

उत्तर : 3

प्रश्न. कक्षा आठ के बच्चों का सतत आकलन करने में सबसे अधिक महत्त्वपूर्ण है?

  • लिखित परीक्षा
  • भाषा-प्रयोग की क्षमता
  • मौखिक परीक्षा
  • व्याकरण की जानकारी

उत्तर : 2

प्रश्न. “बच्चे की भाषा समाज के साथ सम्पर्क का ही परिणाम है।” यह विचार किसका है?

  • पियाजे
  • स्किनर
  • चॉमस्की
  • वाइगोत्स्की

उत्तर : 4

प्रश्न. भाषा अर्जित करने की स्थिति में बच्चे-

  • भाषिक नियमों को स्वाभाविक रूप से रटते
  • कभी कोई त्रुटि नहीं करते हैं
  • अधिकतर त्रुटियाँ ही करते हैं
  • भाषिक नियमों को स्वाभाविक रूप से ग्रहण करते हैं

उत्तर : 1

प्रश्न. रमेश सातवीं कक्षा में पढ़ता है। वह सामान्य बातचीत में ठीक है, लेकिन पढ़ते समय वह बार-बार अटकता है। वह सम्भवतः …. से ग्रस्त है।

  • डिस्कैल्कुलिया
  • डिस्लेक्सिया
  • डिस्माफिया
  • डिस्फेजिया

उत्तर : 2

निर्देश-निम्नलिखित काव्यांश को पढ़कर दिए गए प्रश्नों के सही/सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनकर लिखिए।

न अवरोध कोई, न बाधा कहीं है
न संदेह कोई, न व्यवधान कोई
बहुत दूर से हैं दिशाएँ बुलातीं
नहीं पथ-डगर आज अनजान कोई
दिशाएँ निमन्त्रण मुझे दे रही हैं,
दिगन्तर खुला सिर्फ मेरे लिए है।
नहीं कुछ यहाँ राह जो रोक पाए
न कोई यहाँ जो मुझे टोक पाए
अनजानी हवा में उड़ा जा रहा हूँ
विजय गीत मेरा गगन मस्त गाए
हृदय में कहीं कह रहा बात कोई, धरा और गगन सिर्फ तेरे लिए हैं।

प्रश्न. कवि को कोई कह रहा है कि

  • बाधाओं से दूर रहना चाहिए
  • धरती और आसमान उसके लिए है
  • लक्ष्य अभी बहुत दूर है
  • अजानी हवा में उड़ो

उत्तर : 2

प्रश्न. कविता में दो समानार्थी शब्द एक ही वाक्य में आए हैं। वह वाक्य कौन-सा है?

  • धरा और गगन सिर्फ तेरे लिए हैं
  • न अवरोध कोई, न बाधा कहीं है
  • न सन्देह कोई, न व्यवधान कोई
  • अजानी हवा में उड़ा जा रहा हूँ

उत्तर : 2

प्रश्न. कवि को कौन निमन्त्रण दे रहा है?

  • दिशाएँ
  • हवा
  • गगन
  • दिगन्तर

उत्तर : 1

प्रश्न. अर्थ की दृष्टि से शेष से भिन्न शब्द छाँटिए।

  • धरा
  • पथ
  • डगर
  • राह

उत्तर : 1

प्रश्न. कवि का विजय गीत कौन गा रहा है?

  • आकाश
  • धरती
  • दिशाएँ
  • हवा

उत्तर : 1

प्रश्न. ‘कोई’ शब्द व्याकरण की दृष्टि से है?

  • सर्वनाम
  • विशेषण
  • अव्यय
  • क्रिया

उत्तर : ??

इस प्रश्न का सही उत्तर क्या होगा? हमें अपना जवाब कमेंट सेक्शन में जरूर दें।

आशा है आपको यह प्रैक्टिस सेट पसंद आया होगा, सरकारी परीक्षाओं से जुड़ी हर जानकरियों हेतु सरकारी अलर्ट को बुकमार्क जरूर करें।

  1. प्रश्न. ‘कोई’ शब्द व्याकरण की दृष्टि से है?

    सर्वनाम
    विशेषण
    अव्यय
    क्रिया
    उत्तर : सर्वनाम

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