CTET हिंदी भाषा प्रैक्टिस सेट 57 : परीक्षा में शामिल होने से पहले इन 30 अतिमहत्वपूर्ण प्रश्नों का अवश्य करें अध्ययन

CTET Hindi Language Practice Set 57 : उत्तर प्रदेश में CTET की परीक्षा शुरू हो चुकी है CTET की लिखित परीक्षा ऑनलाइन माध्यम द्वारा कराई जा रही है, तथा UPTET की परीक्षा 28 नवंबर 2021 को आयोजित होने वाली थी लेकिन पेपर लीक हो जाने के कारण परीक्षा प्रक्रिया को रद्द कर दिया गया। अब इसकी परीक्षा 23 जनवरी 2022 को आयोजित होनी है। जिसकी तैयारी के लिए अभ्यर्थी बहुत मेहनत कर रहें हैं।
ऐसे मे इस लेख के जरिये हम आपको CTET के परीक्षा मे पुछे गए 30 महत्वपूर्ण हिन्दी भाषा के प्रश्नों और उनके उत्तरों से अवगत कराएंगे, जिसका अध्ययन कर के आप अपनी तैयारी को और भी मजबूत बना सकते हैं।

CTET Hindi Language Practice Set 57
CTET Hindi Language Practice Set 57

CTET Hindi Language Practice Set 57

प्रश्न. निम्नांकित में महाप्राण व्यंजन-युग्म कौन-सा है?

  • च-त
  • ट ठ
  • प-फ
  • ख-घ

उत्तर : 4

प्रश्न. ‘वाचस्पति’ शब्द में कौन-सा समास है?

  • अलुक तत्पुरुष
  • प्रादि तत्पुरुष
  • उपपद तत्पुरुष
  • नञ् तत्पुरुष

उत्तर : 1

प्रश्न. ‘निवेद’ किस रस का स्थायी भाव है?

  • करुण
  • शान्त
  • वीर
  • अद्भुत

उत्तर : 2

प्रश्न. ‘दृग ठरझत टूटत कुटुम, जुरत चतुर चित प्रीति’

इस पद में कौन-सा अलंकार है?

  • विशेषोक्ति
  • असंगति
  • विभावना
  • विरोधाभास

उत्तर : 2

प्रश्न. निम्नांकित में कौन-सा वाक्य कर्मवाच्य है?

  • वह दिन भर सोता रहा
  • लता से पत्र पढ़ा नहीं गया
  • दिनेश ने अच्छा खेल खेला
  • मुझसे बोला ही नहीं गया

उत्तर : 2

प्रश्न. ‘छछुन्दर के सिर में चमेली का तेल का सही अर्थ

  • गंजे के सिर में सुगन्धित तेल लगाना
  • दान के लिए अयोग्य पात्र
  • अनपढ़ व्यक्ति के हाथ धन लगाना
  • अयोग्य व्यक्ति को अच्छा पद मिलना

उत्तर : 4

प्रश्न. ‘कुविन्द’ का समानार्थी शब्द बताइए

  • माली
  • दर्जी
  • जुलाहा
  • कुम्हार

उत्तर : 3

प्रश्न. ‘झण्डा गीत-झण्डा ऊंचा रहे हमारा’ के रचनाकार का नाम बताइए

  • रामप्रसाद ‘बिस्मिल’
  • गोपालदास ‘नीरज’
  • श्यामलाल ‘पार्षद’
  • श्याम नारायण पाण्डेय

उत्तर : 3

प्रश्न. विद्यापति की पदावली किस भाषा में है?

  • भोजपुरी
  • मैथिली
  • अवधी
  • ब्रज

उत्तर : 2

प्रश्न. ‘प्रेम श से चिर निरस्त्र हो जाएगी पाशवता’ उक्त पाक्त में कौन-सा काव्य दोष है?

  • वचन दोष
  • सन्धि दोष
  • कारक दोष
  • प्रत्यय दोष

उत्तर : 4

प्रश्न. काव्य में अलंकार सम्प्रदाय का आदि प्रवर्तक किसे माना जाता है?

  • आचार्य विश्वनाथ
  • भामह
  • भरत मुनि
  • आनन्दवर्धन

उत्तर : 2

प्रश्न. ‘अतीत के चलचित्र’ के रचनाकार का नाम है

  • धर्मवीर भारती
  • महादेवी वर्मा
  • मन्नू भण्डारी
  • उपेन्द्रनाथ ‘अश्क’

उत्तर : 2

प्रश्न. अधिकार खोकर बैठना, यह महा दुष्कर्म है। न्यायार्थ अपने बन्धु को भी दण्ड देना धर्म है। उक्त पंक्ति किस काव्य से उद्धृत की गई है?

  • यशोधरा
  • जयद्रथ वध
  • रश्मिरथी
  • भारतभारती

उत्तर : 2

प्रश्न. हिन्दी काव्य में प्रयोगवाद का प्रवर्तक किसे माना जाता है?

  • निराला
  • अज्ञेय
  • प्रसाद
  • रांगेय राघव

उत्तर : 2

निर्देश-नीचे दिए गए पद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प का चयन कीजिए।

ओ चिन्ता की पहली रेखा, अरी विश्व-वन की व्याली, ज्वालामुखी स्फोट के भीषण, प्रथम कम्प सी मतवाली।
हे अभाव की चपल बालिके, री ललाट की खल रेखा।
हरी भरी सी दौड़ धूप, ओ जल-माया की चल रेखा।

प्रश्न. ‘ओ चिन्ता की पहली रेखा, अरी विश्व-वन की व्याली।’ इस पद में कौन-सा अलंकार है?

  • निदर्शना
  • उपमा
  • रूपक
  • व्यतिरेक

उत्तर : 3

प्रश्न. ‘जल-माया की चल रेखा’ किसे कहा गया है?

  • विश्व-वन की व्याली को
  • अभाव की चपल बालिका को
  • चिन्ता की पहली रेखा को
  • ललाट की खल रेखा को

उत्तर : 3

प्रश्न. ‘जल-माया’ का क्या आशय है?

  • जल का महत्त्व
  • मायात्मक संसार
  • जल-तरंगों की चंचलता
  • जलक्रीड़ा

उत्तर : 2

प्रश्न. उपरोक्त पद में किस पद की प्रबलता है?

  • करुण
  • भयानक
  • रौद्र
  • शान्त

उत्तर : 2

निर्देश-नीचे दिए गए गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प का चयन कीजिए।

वेदों के एकेश्वरवाद, उपनिषदों के ब्रह्मवाद तथा पुराणों के अवतारवाद और बहुदेववाद की प्रतिष्ठा जन-समाज में हुई है और तदनुसार हमारा धार्मिक दृष्टिकोण भी अधिकाधिक विस्तृत और व्यापक हो गया है। हमारे साहित्य पर धर्म की इस अतिशयता का प्रभाव दो प्रधान रूपों में पड़ा। आध्यात्मिकता की अधिकता होने के कारण हमारे साहित्य में जीवन सम्बन्धी गहन विचारों का विस्तार अधिक नहीं हुआ। प्राचीन वैदिक साहित्य से लेकर हिन्दी के वैष्णव साहित्य तक हम यही बात पाते हैं। सामवेद की मनोहारिणी ऋचाओं से लेकर सूर तथा मीरा की सरस रचनाओं तक सर्वत्र परोक्ष भावों की अधिकता तथा लौकिक विचारों की न्यूनता दिखाई देती है।
इस मनोवृत्ति का परिणाम यह हुआ कि साहित्य में उच्च भावनाएँ तो प्रचुरता से भरी गई, किन्तु ऐहिक जीवन का चित्र उपस्थित करने में वह कुछ कुण्ठित सी हो गई है।

प्रश्न. अवतारवाद की अवतारणा कहाँ से हुई?

  • वैदिक साहित्य से
  • पौराणिक साहित्य से
  • उपनिषदों से
  • परवर्ती लौकिक साहित्य सेवा

उत्तर : 2

प्रश्न. हमारे धार्मिक दृष्टिकोण के व्यापक होने का मूल कारण क्या है?

  • इसकी उद्भावना वेदों में होने के कारण
  • इसलिए कि यह मूलतः जन मानस में प्रतिष्ठित हुआ
  • इसमें उदारवादी चिन्तन समाहित है।
  • इसमें आध्यात्मिक और ऐहिक तत्त्वों का समावेश है

उत्तर : 2

प्रश्न. हमारे साहित्य में लौकिक विचारों की कमी का क्या कारण है?

  • आध्यात्मिक पक्ष की प्रबलता
  • लौकिक पक्ष से अनभिज्ञता
  • पलायनवादी दृष्टिकोण
  • बहुमुखी दृष्टिकोण का अभाव

उत्तर : 1

प्रश्न. प्राचीन साहित्य में आध्यात्मिक पक्ष की प्रबलता का परिणाम क्या हुआ?

  • समग्र रूप से हमारा चारित्रिक विकास हुआ
  • समाज अकर्मण्य हो गया
  • लौकिक जीवन के चित्रण के अभाव में साहित्य एकांगी हो गया
  • साहित्यिक विकास अवरुद्ध हो गया

उत्तर : 3

प्रश्न. अभिव्यक्ति की दक्षता विकसित करने का उपयुक्त उपागम है

  • वाद-विवाद प्रतियोगिता व सांस्कृतिक कार्यक्रमों में प्रतिभाग
  • परस्पर संवाद
  • स्वाध्याय की प्रवृत्ति
  • सार्वजनिक कार्यक्रमों में सहभाग

उत्तर : 1

प्रश्न. भाषा शिक्षण का कौन-सा उद्देश्य कौशलात्मक उद्देश्य
की श्रेणी में आता है?

  • छात्रों को राष्ट्रीय सांस्कृतिक एकता से परिचित कराना
  • छात्रों को व्याकरण के नियमों का बोध कराना
  • राष्ट्रभाषा के प्रति सम्मान का भाव जगाना
  • छात्रों को देश के विभिन्न भागों के लोगों से सम्पर्क करने योग्य बनाना

उत्तर : 4

प्रश्न. नाटक अभिनय से मुख्य लाभ क्या होता है?

  • उच्चारण शुद्ध होता है
  • भाषा ज्ञान
  • पढ़ने-लिखने की दक्षता बढ़ती है बढ़ता है
  • समयानुकूल बोलने की कला विकसित होती है

उत्तर : 4

प्रश्न. व्याकरण शिक्षण में अन्तयोंग प्रणाली सर्वोत्तम है, क्योंकि

  • इस प्रणाली से व्याकरण के नियमों का क्रमबद्ध ज्ञान होता है।
  • भाषा के शुद्ध लिखने-पढ़ने की दक्षता का विकास होता है।
  • व्याकरण-शिक्षण अरुचिकर नहीं होता
  • छात्रों का भाषा-बोध बढ़ता है

उत्तर : 3

प्रश्न. निम्नांकित में कौन-सा कथन असत्य है?

  • भाषा और उसके साहित्य में अन्तर होता है
  • मातृभाषा सीखने का स्वाभाविक क्रम है- सुनना, बोलना, पढ़ना और लिखना
  • भाषा और उसके साहित्य में चोली-दामन का साथ होता है
  • शिक्षण सिद्धान्त व शिक्षण सूत्रों में कोई अन्तर नहीं होता

उत्तर : 4

प्रश्न. कहानी का प्राणतत्त्व क्या है?

  • कथा-वस्तु
  • कथोपकथन
  • पात्र
  • संवेदनशीलता

उत्तर : 4

प्रश्न. राष्ट्रीय स्तर पर हिन्दी को विकसित करने का निर्देश
संविधान के किस अनुच्छेद में है?

  • अनुच्छेद 343
  • अनुच्छेद 348
  • अनुच्छेद 345
  • अनुच्छेद 351

उत्तर : 4

प्रश्न. निम्नांकित में कौन सा युग्म सही है?

  • मुन्शी सदा सुखलाल – प्रेमसागर
  • इंशाअल्ला खाँ – रानी केतकी की कहानी
  • लल्लू जी लाल – सुख सागर
  • सदल मिश्र – प्रेम चिंगारी

उत्तर : ??

इस प्रश्न का सही उत्तर क्या होगा? हमें अपना जवाब कमेंट सेक्शन में जरूर दें।

आशा है आपको यह प्रैक्टिस सेट पसंद आया होगा, सरकारी परीक्षाओं से जुड़ी हर जानकरियों हेतु सरकारी अलर्ट को बुकमार्क जरूर करें।

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