CTET Exam 2021 : हर शिफ़्ट में पूछे जा रहे हैं, ‘जीन पियाजे के सिद्धांत’ पर आधारित सवाल, यहाँ पढ़ें 15 संभावित प्रश्न

CTET 2021 : (Jean Piaget Theory Questions for CTET) केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा की शुरुआत 16 दिसंबर से हो चुकी है और यह 13 जनवरी 2022 तक चलेगी। CBSE द्वारा केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (CTET) की अब तक कई शिफ़्ट आयोजित की जा चुकी है और इनमें बाल विकास एवं शिक्षा शास्त्र (CDP) के अंतर्गत ‘जीन पियाजे के सिद्धांत’ पर आधारित सवाल पूछे गए हैं।

ऐसे में इस लेख में आज हम जीन पियाजे के सिद्धांत पर आधारित कुछ संभावित प्रश्न आपके साथ साझा कर रहे हैं जो आगामी सीटेट परीक्षा शिफ्टों में पूछे जा सकते हैं। ऐसे में यदि आप भी अभी CTET परीक्षा में शामिल होने वाले हैं तो नीचे दिए गए इन सवालों को जरूर पढ़ लें।

Jean Piaget Theory Questions for CTET

जीन पियाजे के सिद्धांत पर आधारित 15 संभावित प्रश्न

प्रश्न. बच्चे अपनी समझ से विश्व की परिकल्पना करते हैं।” ये कथन किसने दिया था?

  • पैवलून
  • पियाजे
  • स्किनर
  • कोहलबर्ग

उत्तर : 2

प्रश्न. बालकों की सोच अमूर्तता की अपेक्षा मूर्त अनुभवों एवं प्रत्ययों से होती है। यह अवस्था है –

  • 7 से 12 वर्ष तक
  • 12 से वयस्क तक
  • 2 से 7 वर्ष तक
  • जन्म से 2 वर्ष तक

उत्तर : 1

प्रश्न. कोई 5 साल की लड़की एक टी-शर्ट को तह करते हुए अपने आप से बात करती है। लड़की द्वारा प्रदर्शित व्यवहार के सन्दर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

  • जीन पियाजे और लेव वाइगोत्स्की इसकी व्याख्या बच्चे के विचारों की अहंकेन्द्रित प्रकृति के रूप में करेंगे।
  • जीन पियाजे इसे अहंकेन्द्रित भाषा कहेगा और लेव वाइगोत्स्की इसकी व्याख्या बच्चे के द्वारा निजी भाषा से अपनी क्रियाओं को नियमित करने के प्रयासों के रूप में करेगा।
  • जीन पियाजे इसकी व्याख्या सामाजिक अन्योन्यक्रिया के रूप में करेगा और लेव वाइगोत्स्की इसे खोजबीन मानेगा।
  • जीन पियाजे और लेव वाइगोत्स्की इसकी व्याख्या बच्चे के द्वारा अपनी माँ के अनुकरण के रूप में करेंगे।

उत्तर : 2

प्रश्न. पियाजे के अनुसार, बच्चों का चिन्तन वयस्कों से…. में भिन्न होता है बजाय …… के।

  • मात्रा; प्रकार
  • आकार; मूर्तपरकता
  • प्रकार; मात्रा
  • आकार; किस्म

उत्तर : 3

प्रश्न. संज्ञानात्मक विकास के चार चरणों संवेदी पेशीय, पूर्व संक्रियात्मक, स्थूल संक्रियात्मक और औपचारिक संक्रियात्मक की पहचान की गई है।

  • हिलगार्ड द्वारा
  • स्टॉट द्वारा
  • हारलॉक द्वारा
  • पियाजे द्वारा

उत्तर : 4

प्रश्न. पियाजे के अनुसार विकास की पहली अवस्था (जन्म से लगभग 2 वर्ष आयु) के दौरान बच्चा – सबसे बेहतर सीखता है।

  • अमूर्त तरीके से चिन्तन द्वारा
  • भाषा के नए अर्जित ज्ञान के अनुप्रयोग द्वारा
  • इन्द्रियों के प्रयोग द्वारा
  • निष्क्रिय (neutral) शब्दों को समझने के द्वारा

उत्तर : 3

प्रश्न. बच्चों के बौद्धिक विकास की चार विशिष्ट अवस्थाओं की पहचान की गई –

  • एरिकसन द्वारा
  • स्किनर द्वारा
  • पियाजे द्वारा
  • कोहलबर्ग द्वारा

उत्तर : 3

प्रश्न.”बच्चे दुनिया के बारे में अपनी समझ का सृजन करते हैं।” इसका श्रेय …… को जाता है।

  • पैवलॉव
  • कोहलबर्ग
  • स्किनर
  • पियाजे

उत्तर : 4

प्रश्न. पियाजे के अनुसार, निम्नलिखित में से कौन-सी अवस्था में बच्चा अमूर्त संकल्पनाओं के विषय में तार्किक चिन्तन करना आरम्भ करता है?

  • औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था (12 वर्ष एवं ऊपर)
  • संवेदी प्रेरक अवस्था (जन्म 02 वर्ष)
  • पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था (02-07 वर्ष)
  • मूर्त-संक्रियात्मक अवस्था (07-11 वर्ष)

उत्तर : 1

प्रश्न. वह अवस्था जब बच्चा तार्किक रूप से वस्तुओं व घटनाओं के विषय में चिन्तन प्रारम्भ करता है, है

  • औपचारिक-संक्रियात्मक
  • पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था अवस्था
  • मूर्त-संक्रियात्मक अवस्था
  • संवेदी-प्रेरक अवस्था

उत्तर : 3

प्रश्न. पियाजे के अनुसार, संज्ञानात्मक विकास के किस चरण पर बच्चा ‘वस्तु स्थायित्व’ को प्रदर्शित करता है?

  • मूर्त संक्रियात्मक चरण
  • औपचारिक संक्रियात्मक चरण
  • संवेदी प्रेरक चरण
  • पूर्व-संक्रियात्मक चरण

उत्तर : 3

प्रश्न. पियाजे के अधिगम के संज्ञानात्मक सिद्धान्त के अनुसार, वह प्रक्रिया जिसके द्वारा संज्ञानात्मक संरचना को संशोधित किया जाता है……… कहलाती है।

  • प्रत्यक्षण
  • समावेशन
  • समायोजन
  • स्कीमा

उत्तर : 3

प्रश्न. निम्नलिखित में से कौन-सा निहितार्थ पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धान्त से नहीं निकाला जा सकता?

  • बच्चों की अधिगमनात्मक तत्परता के प्रति संवदेनशीलता
  • वैयक्तिक भेदों की स्वीकृति
  • खोजपूर्ण अधिगम
  • शाब्दिक शिक्षण की आवश्यकता

उत्तर : 4

प्रश्न. पियाजे के सिद्धान्त के अनुसार बच्चे निम्न में से किसके द्वारा सीखते हैं?

  • सही प्रकार से ध्यान लगाकर जानकारी को याद करना
  • समाज के आर्थिक योग्य सदस्यों के द्वारा उपलब्ध कराए गए सहारे के आधार पर
  • अनुकूलन की प्रक्रियाएँ
  • उपयुक्त पुरस्कार दिए जाने पर अपने व्यवहार में परिवर्तित करना

उत्तर : 3

प्रश्न. ……के विचार से बच्चे सक्रिय ज्ञान-निर्माता तथा नन्हें वैज्ञानिक है, जो संसार के बारे में अपने सिद्धान्तों की रचना करते है।

  • स्किनर
  • युंग
  • पैवलॉव
  • पियाजे

उत्तर : ?

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