CBSE CTET Exam 2023 CDP MCQ – 13 | बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के महत्वपूर्ण MCQ

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) द्वारा केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा का आयोजन शुरू हो चुका है। सीबीएसई सीटीईटी परीक्षा 2022-23 का आयोजन 28 दिसम्बर 2022 से लेकर 07 फरवरी 2023 तक किया जायेगा। आपको बता दें कि सीटेट परीक्षा के लिये इस वर्ष कुल 32.45 लाख उम्मीदवारों ने रजिस्ट्रेशन किया है।

सीटेट परीक्षा की तैयारी कर रहे सभी उम्मीदवारों के लिये आज हम इस लेख के माध्यम से विगत परीक्षाओं में पूछें गये बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र (CDP) के महत्वपूर्ण प्रश्नों को उत्तर सहित लेकर आये हैं तथा इन प्रश्नों का अध्ययन करके उम्मीदवार सीटेट परीक्षा 2023 में उच्चतम अंक प्राप्त करने और प्रश्नों के प्रकार समझने में आसानी प्राप्त होगी।

CBSE CTET Exam 2023 CDP MCQ – 13

CBSE CTET Exam 2023 Child Development and Pedagogy (CPD) MCQ भाग – 13 : बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के 30 वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न. विद्यार्थियों को स्पष्ट उदाहरण एवं गैर-उदाहरण देने के क्या परिणाम हैं?

  • अवधारणात्मक परिवर्तनों को प्रोत्साहित करने के लिए यह एक प्रभावशाली तरीका है
  • यह विद्यार्थियों के मस्तिष्क में भ्रान्तियाँ उत्पन्न करता
  • यह अवधारणाओं की समझ में अभाव पैदा करता है
  • यह अवधारणात्मक समझ के बजाय कार्यविधिक/प्रक्रियात्मक ज्ञान पर ध्यान केन्द्रित करता है

उत्तर: 1

प्रश्न. बच्चों को अधिगम गतिविधियों में भागीदारी करने के लिए लगातार पुरस्कार देना व दण्ड का प्रयोग करने से क्या
प्रभाव पड़ता है?

  • बाह्य अभिप्रेरणा कम होती है
  • आन्तरिक अभिप्रेरणा बढ़ती है।
  • यह बच्चों को प्रदर्शन आधारित लक्ष्यों के बजाय निपुणता पर ध्यान देने के लिए प्रोत्साहित करेगा
  • अधिगम में बच्चों की स्वाभाविक अभिरुचि तथा जिज्ञासा कम होती है

उत्तर: 4

प्रश्न. निम्नलिखित में से कौन-सी प्रथाएँ सार्थक अधिगम को बढ़ावा देती हैं?

(i) शारीरिक दण्ड
(ii) सहयोगात्मक अधिगम पर्यावरण
(iii) सतत् एवं समग्र मूल्यांकन
(iv) निरन्तर तुलनात्मक मूल्यांकन
  • (i) और (ii)
  • (i), (ii) और (iii)
  • (ii) और (iii)
  • (ii), (iii) और (iv)

उत्तर: 3

प्रश्न. शिक्षक बच्चों की जटिल अवधारणाओं की समझ को किस प्रकार सहज कर सकते हैं?

  • एक व्याख्यान देकर के
  • प्रतियोगितात्मक अवसरों की व्यवस्था करके
  • बार-बार यान्त्रिक अभ्यास के द्वारा
  • अन्वेषण एवं परिचर्चा के लिए अवसर उपलब्ध करके

उत्तर: 4

प्रश्न. एक समावेशी कक्षा में, एक शिक्षक को विशिष्ट शैक्षिक योजनाओं को-

  • तैयार नहीं करना चाहिए
  • कभी-कभी तैयार करना चहिए
  • सक्रिय रूप से तैयार करना चाहिए
  • तैयार करने के लिए हतोत्साहित होना चाहिए

उत्तर: 3

प्रश्न. ‘पठनवैफल्य’ बच्चों के प्राथमिक लक्षण क्या हैं?

  • न्यून- अवधान विकार
  • अपसारी चिन्तन; पढ़ने में धारप्रवाहिता
  • धाराप्रवाह पढ़ने की अक्षमता
  • एक ही गतिविषयक कार्य को बार-बार दोहराना

उत्तर: 3

प्रश्न. शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 में उल्लेख की गई ‘समावेशी शिक्षा’ की अवधारणा निम्नलिखित में किस पर आधारित है?

  • व्यवहारवादी सिद्धान्त
  • अशक्त बच्चों के प्रति एक सहानुभूतिक अभिवृत्ति
  • अधिकार-आधारित मानवतावादी परिप्रेक्ष्य
  • मुख्यतः व्यावसायिक शिक्षा उपलब्ध करा करके अशक्त बच्चों को मुख्यधारा में शामिल करना

उत्तर: 3

प्रश्न. संरचनावादी ढाँचे में, अधिगम प्राथमिक रूप से-

  • यन्त्रवत् याद करने पर आधारित है
  • प्रबलन पर केन्द्रित है
  • अनुबन्धन द्वारा अर्जित है।
  • अवबोधन की प्रक्रिया पर केन्द्रित है

उत्तर: 4

प्रश्न. अनेक घटनाओं के बारे में बच्चों के द्वारा बनाए गए ‘सहजानुभूत सिद्धान्तों’ के सन्दर्भ में एक शिक्षिका को क्या
करना चाहिए?

  • बच्चों के इन सिद्धान्तों को अनदेखा करना चाहिए
  • बच्चों को दण्डित करना चाहिए
  • बार-बार याद करने के द्वारा एक सही सिद्धान्त से ‘बदल’ देना चाहिए
  • प्रतिकूल प्रमाण एवं उदाहरणों को प्रस्तुत करके बच्चों के इन सिद्धान्तों को चुनौती देनी चाहिए

उत्तर: 4

प्रश्न. बालकेन्द्रित शिक्षाशास्त्र की क्या विशेषता है?

  • केवल पाठ्यपुस्तकों पर निर्भर होना
  • बच्चों के अनुभवों को प्रमुखता देना
  • यन्त्रवत् याद करना
  • योग्यता के आधार पर विद्यार्थियों को नामांकित करना तथा वर्गीकरण करना

उत्तर: 2

प्रश्न. संवेग एवं संज्ञान एक-दूसरे से…….. है।

  • पूर्णतया अलग
  • सन्निहित
  • स्वतन्त्र
  • सम्बन्धित नहीं

उत्तर: 2

प्रश्न. संरचनावादी सिद्धान्तों के अनुसार अधिगम के बारे में निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा सही है?

  • अधिगम पुनरुत्पादन एवं स्मरण की प्रक्रिया है
  • अधिगम यन्त्रवत् याद करने की प्रक्रिया है
  • अधिगम आवृत्तीय सम्बन्ध के द्वारा व्यवहारों का अनुबन्धन है
  • अधिगम सक्रिय विनियोजन के द्वारा ज्ञान की संरचना की प्रक्रिया है

उत्तर: 4

प्रश्न. क्रियाप्रसूत अनुबन्धन सिद्धान्त का प्रतिपादन किया-

  • हल ने
  • थार्नडाइक ने
  • स्किनर ने
  • हेगाट्री ने

उत्तर: 3

प्रश्न. कोहर निम्न में से किससे सम्बन्धित हैं?

  • अभिप्रेरणा का सिद्धान्त
  • विकास का सिद्धान्त
  • व्यक्तित्व का सिद्धान्त
  • अधिगम का सिद्धान

उत्तर: 4

प्रश्न. बुद्धि के तरल क्रिस्टलीय प्रतिमान के प्रतिपादक कौन थे?

  • कैटेल
  • वर्नन
  • थॉर्नडाइक
  • स्किनर

उत्तर: 1

प्रश्न. शिक्षण हेतु मानसिक उद्वेलन प्रतिमान का प्रयोग निम्न में से किसके सुधार हेतु किया जाता है?

  • समझ
  • अनुप्रयोग
  • समस्या समाधान
  • सृजनात्मकता

उत्तर: 4

प्रश्न. गोलमैन निम्न में से किससे सम्बन्धित है?

  • सामाजिक बुद्धि
  • संवेगात्मक बुद्धि
  • सामान्य बुद्धि
  • आध्यात्कि बुद्धि

उत्तर: 2

प्रश्न. निम्न में कौन शेष से भिन्न है?

  • अधिगम के लिए अधिगम का सिद्धान्त
  • समान अवयवों का सिद्धान्त
  • ड्राइव रिडक्शन सिद्धान्त
  • सामान्यीकरण का सिद्धान्त

उत्तर: 3

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  1. सीबीएसई CTET एग्जाम 2023, CDP MCQ – 11
  2. सीबीएसई CTET एग्जाम 2023, CDP MCQ – 10

प्रश्न. संज्ञानात्मक सम्प्राप्ति का न्यूनतम स्तर है।

  • अनुप्रयोग
  • विश्लेषण
  • ज्ञान
  • बोध

उत्तर: 3

प्रश्न. एक बालक, जो साइकिल चलाना जानता है, मोटरबाइक चलाना सीख रहा है। यह उदाहरण होगा –

  • क्षैतिज अधिगम अन्तरण का
  • कोई भी अधिगम अन्तरण का
  • ऊर्ध्व अधिगम अन्तरण का
  • द्विपार्श्विक अधिगम अन्तरण का

उत्तर: 3

प्रश्न. निम्न में से कौन-सा अधिगम के पठार का कारण नहीं है?

  • प्रेरणा की सीमा
  • शारीरिक सीमा
  • विद्यालय का असहयोग
  • ज्ञान की सीमा

उत्तर: 3

प्रश्न. “अधिगम, अनुभव और प्रशिक्षण के परिणामस्वरूप व्यवहार में परिवर्तन है।” यह कथन किनके द्वारा दिया गया?

  • गेट्स व अन्य
  • स्किनर
  • मॉर्गन और मिलिलैण्ड
  • क्रॉनबैक

उत्तर: 1

प्रश्न. ‘स्टैनफोर्ड बिने परीक्षण’ मापन करता है?

  • व्यक्तित्व का
  • बुद्धि का
  • पढ़ने की दक्षता का
  • इनमें से कोई नहीं

उत्तर: 2

प्रश्न. बच्चों में जेण्डर रूढ़िवादिता एवं जेण्डर – भूमिका अनुरूपता को कम करने के लिए निम्नलिखित में से कौन-सी पद्धति प्रभावशाली है?

  • जेण्डर – पक्षपात के बारे में परिचर्चा
  • जेण्डर-विशिष्ट भूमिकाओं को महत्त्व देना
  • जेण्डर – पृथक खेल समूह बनाना
  • जेण्डर – पृथक बैठने की व्यवस्था करना

उत्तर: 1

प्रश्न. निम्नलिखित में से किस मनोवैज्ञानिक ने बच्चों को ज्ञान के सक्रिय जिज्ञासु के रूप में देखते हुए उनके चिन्तन पर सामाजिक एवं सांस्कृतिक विषय-वस्तुओं के प्रभाव को महत्त्व दिया?

  • जॉन बी. वाट्सन
  • लेव वाइगोत्स्की
  • जीन पियाजे
  • लॉरेंस कोहलबर्ग

उत्तर: 2

प्रश्न. जिग-सॉ पहेली को करते समय 5 वर्ष की नज्मा स्वयं से कहती है, “नीला टुकड़ा कहाँ है? नहीं, यह वाला नहीं, गाढ़े रंग वाला जिससे यह जूता पूरा बन जाएगा।” इस प्रकार की वार्ता को वाइगोत्सकी किस तरह सम्बोधित करते हैं?

  • व्यक्तिगत वार्ता
  • जोर से बोलना
  • पाड़ (ढाँचा)
  • आत्मकेन्द्रित वार्ता

उत्तर: 1

प्रश्न. भाषा के अर्जन एवं विकास के लिए सर्वाधिक संवेदनशील अवधि कौन-सी है?

  • जन्म पूर्व अवधि
  • मध्य बाल्यावस्था
  • प्रारम्भिक बाल्यावस्था
  • किशोरावस्था

उत्तर: 3

प्रश्न. निम्नलिखित में से कौन-सी लॉरेंस कोहलबर्ग के द्वारा प्रस्तावित नैतिक विकास की एक अवस्था है?

  • प्रसुप्ति अवस्था
  • सामाजिक अनुबन्ध अभिविन्यास
  • मूर्त संक्रियात्मक अवस्था
  • उद्योग बनाम अधीनता अवस्था

उत्तर: 2

प्रश्न. कक्षा में परिचर्चा के दौरान एक शिक्षक प्रायः लड़कियों की तुलना में लड़कों पर अधिक ध्यान देता है। यह किसका उदाहरण है?

  • जेण्डर पक्षपात
  • जेण्डर सम्बद्धता
  • जेण्डर पहचान
  • जेण्डर समरूपता

उत्तर: 1

प्रश्न. सामान्य संयुक्त कोशिका में गुणसूत्रों के जोड़े होते हैं।

  • 22
  • 24
  • 23
  • इनमें से कोई नहीं

उत्तर : ?

इस प्रश्न का सही उत्तर क्या होगा? हमें अपना जवाब कमेंट सेक्शन में जरूर दें।

  1. २३

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